Recents in Beach

header ads

इरादों को मजबूत-हौंसलों को ऊंचा रखो, बदलाव तक जारी रखो अपने प्रयास : सोनल

⦁ डीसी सोनल गोयल ने बेटियों से किया सामाजिक बदलाव का आह्वान, अभिभावकों से भी अपील बेटियों के सपनों को पूरा करने में करें सहयोग
⦁ गांव माजरी में लड़कियों की खेल कूद प्रतियोगिता व संवाद चौपाल को डीसी सोनल गोयल ने किया संबोधित 


बादली/ बहादुरगढ़, 10 नवंबर। 

अपने इरादों को मजबूत करो, हौंसलों को ऊंचा रखो। समाज में बदलाव तुरंत नहीं आएगा लेकिन बदलाव तक अपने प्रयास जारी रखो। उपायुक्त सोनल गोयल ने सामाज को बदलने का यह आह्वान बादली उपमंडल के गांव माजरी मेंं आयोजित खेल-कूद प्रतियोगिता व संवाद चौपाल के विशेष सत्र के दौरान संबोधित करते हुए किया। उपायुक्त ने अभिभावकों से भी अपील करते हुए कहा कि अपनी बेटियों के सपनों को पूरा करने में सहयोग करें, यह बात अब हम सबको माननी पड़ेगी कि दुनिया में ऐसा कोई भी काम नहीं जिसे बेटियां न पूरा कर पाए। 


ग्राम पंचायत माजरी की ओर से शनिवार को लड़कों के साथ-साथ लड़कियों के लिए कबड्डी व दौड़ आदि खेलों की विशेष स्पर्धा का आयोजन कराया गया था। वहीं महिला एवं बाल विकास विभाग की ओर से जिला प्रशासन की पहल सोच पे दस्तक के तहत विशेष संवाद चौपाल का सत्र रखा गया। उपायुक्त ने मुख्य अतिथि के तौर पर खेल प्रतियोगिता में पहुंच कर प्रतिभागी बेटियों का उत्साह बढ़ाया साथ ही संवाद चौपाल के माध्यम से महिलाओं के साथ-साथ पुरूषों से भी समाज में लैंगिक असमानता को प्रदर्शित करने वाली दहेज, पर्दा, कन्या भ्रूण हत्या तथा महिलाओं के विरूद्घ अपराधों आदि बुराइयों को समाप्त करने में सहयोग मांगा। 

श्रीमती सोनल सोयल ने मिस वल्र्ड एवं झज्जर जिला की बेटी मानुषी छिल्लर तथा शूटिंग सनसनी मनु भाकर की उपलब्धियों का जिक्र करते हुए कहा कि दुनिया बदल रही है और बेटियां हमारा नाम कर रही हंै। आर्थिक सूचकांक की बात करें तो प्रति व्यक्ति आय से लेकर अन्य क्षेत्रों में हरियाणा की गणना देश के टॉप फाइव राज्यों में होती है लेकिन सामाजिक स्थिति की बात करें तो अभी हमें ओर आगे बढऩा होगा। प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी ने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ का आह्वान हरियाणा की धरती से ही किया था। मुख्यमंत्री श्री मनोहर लाल के नेतृत्व व मार्गदर्शन में जिला प्रशासन लगातार सामाजिक बदलाव के लिए कार्य कर रहा है। उन्होंने कार्यक्रम में पहुंची महिलाओं से पर्दा हटाने की बात कहीं और बुजुर्गों से आग्रह किया कि सम्मान घूंघट की बजाए संस्कारों से होता है। उपायुक्त के इस आग्रह का बुजुर्गों व ग्राम पंचायत ने भी समर्थन किया। 


उन्होंने लड़कियों के लिए आयोजित प्रतियोगिता के लिए ग्राम पंचायत माजरी के प्रयास को प्रशंसनीय बताया और अन्य पंचायतों को भी इस पहल से प्रेरणा लेने की बात कही। जिला प्रशासन ने सामाजिक बदलाव के लिए सोच पे दस्तक अभियान चलाया है। इस अभियान के तहत नारी की चौपाल से आगे बढ़ते हुए महिलाओं व पुरूषों की संयुक्त भागीदारी वाली संवाद चौपाल का आयोजन किया जा रहा है। अभिभावकों को अब अपनी बेटियों के साथ-साथ अपने पुत्रों को भी महिला के सम्मान व सुरक्षा के संस्कार देने होंगे ताकि बेटियों को समाज में सुरक्षा का अहसास हो और उनमें आगे बढऩे का आत्मविश्वास पैदा। उन्होंने कहा कि शिक्षा के साथ-साथ खेलों में बढ़-चढ़ कर भागीदारी करने से बेटियों का आत्मविश्वास बढ़ता है।


संवाद चौपाल में उपायुक्त ने नवजात बेटियों को जन्म देने वाली माताओं क्रमश: रीना धर्मपत्नी सुमित, प्रियंका धर्मपत्नी अनिल कुमार, सोनिका धर्मपत्नी कैलाश को बेबी किट व तुलसी का पौधा भेंट कर सम्मानित किया। इससे पहले उन्होंने कबड्डी प्रतियोगिता की भागीदार टीम की खिलाडिय़ों का परिचय लेते हुए मुकाबला आरंभ कराया। साथ ही दौड़ की विजेता बेटियों को सम्मानित भी किया। संवाद चौपाल के दौरान गांव की बेटी अन्नू ने पत्थर बनी अहल्या पर आंसू टपकाने आई प्रेरक कविता का पाठ किया वहीं साक्षी ने बेटी बचाओ-बेटी पढ़ाओ पर अपने विचार रखें। उपायुक्त ने कार्यक्रम के दौरान ग्रामीणों की समस्याएं भी सुनी। 


बादली के उपमंडल अधिकारी (ना.) त्रिलोक चंद ने उपायुक्त का माजरी पहुंचने पर स्वागत किया। महिला एवं बाल विकास विभाग की जिला कार्यक्रम अधिकारी नीना खत्री ने संवाद चौपाल के उद्देश्यों व महिलाओं के कल्याण के लिए राज्य सरकार की विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी। गांव के बुजुर्ग छोटू राम व उमेद सिंह ने पगड़ी पहनाकर उपायुक्त का स्वागत किया तथा ग्रामीण बुजुर्ग महिला सरतो देवी व परमेश्वरी देवी ने आशीर्वाद देकर सार्थक मुहिम की सराहना की।






Post a Comment

0 Comments