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पहाड़ी में पुस्तकालय का उदघाटन 2 को


धनेश विद्यार्थी
गुरूग्राम-रेवाड़ी। 
गांव पहाड़ी के राजकीय उच्च विद्यालय में आधुनिक पुस्तकालय का उदघाटन 2 जून को होगा। इस कार्यक्रम में भारतीय प्रौद्योगिक संस्थान दिल्ली के निदेशक प्रो. वी. रामगोपाल राव मुख्य अतिथि होंगे। सुधीर राजपाल, भारतीय प्रशासन सेवा (प्रिंसीपल सचिव, पंचायत विभाग, हरियाणा सरकार), डा. अलका मित्तल, निदेशक (मानव संसाधन)-तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम लिमिटेड, अमित खत्री, भारतीय प्रशासन सेवा (उपायुक्त, जिला गुरुग्राम), हरभजन सिंह, निदेशक-कॉपोरेट एवं जनरल अफेयरस (होण्डा एण्ड मोटरसाइकिल एण्ड स्कूटर इण्डिया प्राइवेट लिमिटेड) रघुहरि डालमिया, अध्यक्ष डालमिया सीमेंट भारत लिमिटेड भी मुख्य रूप से मौजूद रहेंगे। 

आईआईटी दिल्ली एलुमनी एसोसिएशन के अध्यक्ष रोहित कोशी नोडल अधिकारी विनोद यादव ने बताया कि पहली जुलाई 2018 को गांव पहाड़ी से ही आईआईटी दिल्ली एलुमनी एसोसिएशन के स्वच्छता पहल का शुभारंभ मुख्यमंत्री मनोहर लाल खट्टर ने किया था। यह आधुनिक लाईब्रेरी तेल एवं प्राकृतिक गैस निगम लिमिटेड के सीएसआर फंड से विकसित हो रही है। यह पहल शिक्षा के क्षेत्र में प्रतियोगी परीक्षाओं गुणवत्ता शिक्षा के प्रति जागरूकता लाने के लिए एवं गांव के बच्चों के लिए उचित वातावरण संसाधन प्रदान करने के लिए मार्गदर्शन का कार्य करेगी। गांव के बच्चों में बहुत प्रतिभाएं है लेकिन जागरूकता संसाधनों के अभाव में ज्यादातर विद्यार्थी अपने सामथ्र्य का उपयोग नहीं कर पाते है। यह लाईब्रेरी पहाड़ी गांव के अलावा आसपास के गांव के बच्चों के लिए भी मार्गदर्शन का कार्य करेगी। 

उन्होंने बताया कि होण्डा मोटरसाइकिल एवं स्कूटर इण्डिया प्रोईवेट लिमिटेड ने गांव पहाड़ी के राजकीय उच्च विद्यालय को विकसित करने के लिए गोद लिया है। इसके अलावा होण्डा मोटरसाइकिल एवं स्कूटर इण्डिया प्रोईवेट लिमिटेड रेवाड़ी के गांव माजरा श्योराज, हासांका, पदैयावास, डूंगरवास, कुंड, ततारपुर गुरुग्राम जिले के बोहड़ा कला गांव में आधुनिक लाईब्रेरी विकसित करेगी। गांव पहाड़ी के निवासी नोडल अधिकारी विनोद यादव ने बताया कि इस पहाड़ी लाईब्रेरी में समय समय पर सेमिनार प्रतियोगी परीक्षाओं के माध्यम से बच्चों को जागरूक किया जायेगा। उन्होंने बताया कि आईआईटी दिल्ली एलुमनी एसोसिएशन गांव में लाईब्रेरी की विचारधारा को आगे बढ़ाने के लिए प्रयासरत है इसका मूल कारण यही है कि गांव में प्रतियोगी गुणवत्ता शिक्षा को प्राथमिकता दी जाए विद्यार्थियों में पढ़ाई के प्रति रूचि पैदा करें। उन्होंने बताया कि शिक्षा के बिना कभी भी सशक्त समाज का निर्माण नहीं हो सकता। 

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