ब्लूमिंग डेल इंटरनेशनल स्कूल में रजनी तंवर ने मनाया मोदी जी का जन्मदिन



गुरुग्राम। रजनी तँवर- कोषाध्यक्ष (भारतीय जनता पार्टी खेड़कीदौला मंडल गुरुग्राम) ने देश के यशस्वी और आदरणीय प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के 71वे जन्मदिन पर ब्लूमिंग डेल इंटरनेशनल स्कूल ( सरस्वती एन्क्लेव, गुरुग्राम) में स्कूल के बच्चों को फल और फ्रूटी का वितरण किया गया और प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी द्वारा लाई गई नई शिक्षा नीति के बारे में रजनी तँवर (कोषाध्यक्ष, भाजपा खेड़कीदौला मंडल, गुरुग्राम) ने बच्चों को अवगत कराया की 2021 के अनुसार शिक्षा का सार्वभौमीकरण किया जाएगा और इसमें मेडिकल और लॉ की पढ़ाई शामिल नहीं की जाएगी। 



इस नई शिक्षा नीति के अनुसार छठी कक्षा से व्यवसायिक परीक्षण इंटर्नशिप आरंभ कर दी जाएगी। पालिसी के अनुसार पांचवी कक्षा तक शिक्षा मातृभाषा या फिर क्षेत्रीय भाषा में प्रदान की जाएगी।             

   


इस साल हमारे प्रधानसेवक श्री नरेंद्र मोदी जी की सरकार द्वारा लागू हुई नई शिक्षा नीति 5+3+3+4 है. इसमें 5 का अर्थ है तीन साल तक प्राइमरी स्कूल और उसके बाद दो साल कक्षा 1 और कक्षा 2, इसके बाद 3 का अर्थ है कक्षा 3, 4 व 5. फिर अगले 3 का अर्थ हैं कक्षा 6, 7 और 8 और अंत में 4 का मतलब है 9, 10, 11 एवं 12.



इस शिक्षा नीति के अनुसार अब बच्चे 6 साल की उम्र से पहले यानि 3 साल की उम्र में ही फॉर्मल स्कूल में पढ़ाई करने लगेंगे. इसका अर्थ यह है कि बच्चे जब 2 से 3 साल के होते हैं तो उन्हें उनके माता – पिता प्ले स्कूल में भेजते हैं. वह स्कूल की पढ़ाई का हिस्सा नहीं होता था, किन्तु अब वह भी स्कूली पढ़ाई का हिस्सा बन जायेगा. इस संशोधन से शिक्षा नीति में राईट टू एजुकेशन बढ़ेगा. अब तक 6 से 14 साल के बच्चे के लिए आईटी था, अब यह 6 से 18 साल तक के बच्चों के लिए हो गया है. सरकार द्वारा किये गये संशोधन केवल सरकारी स्कूलों के लिए ही नहीं बल्कि प्राइवेट स्कूलों के लिए भी है. इस शिक्षा नीति के लिए सरकार ने सन 2030 तक का टारगेट सेट किया है. और इस शिक्षा नीति को आने वाले 1 से 2 सालों में लागू किया जायेगा.


स्कूली शिक्षा में एक सबसे महत्वपूर्ण बात हैं भाषा की. इस साल केंद्र सरकार द्वारा बनाई गई शिक्षा नीति के तहत 3 भाषा के फ़ॉर्मूले की बात कहीं जा रही हैं. इसमें यह कहा गया हैं कि 5 वीं तक की कक्षा के बच्चों को मातृभाषा में पढाई करवाया जायेगा. और साथ ही यह कहा गया हैं कि यदि संभव होता हैं तो इसे 8 वीं कक्षा तक के लिए जारी भी रखा जा सकता है. इसके आलवा संस्कृत के साथ ही तमिल, तेलुगु एवं कन्नड़ जैसी भारत की अन्य भाषाओँ में पढ़ाई करने का भी निर्णय लिया गया है. सेकेंडरी सेक्शन के लिए विदेशी भाषा का चुनाव करके उसे भी विकल्प में शामिल कर सकते हैं. इस कार्यक्रम में उपस्थित रहे स्कूल के चेयरमैन श्री रघुबीर सिंह जी, सह चेयरमैन श्रीमती सुरेश देवी जी, रविन्द्र तँवर जी, सुमन जी, आशा जी, कोमल जी, नीतू जी, गीतांजलि जी, प्रिया जी आदि गणमान्य सदस्य उपस्थित रहे।

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