फतेहपुर: लोकतंत्र में आस्था और जनसेवा का अधिकार सर्वोपरि, न्याय की लड़ाई से पीछे नहीं हटेंगे: हेमलता पटेल
पुलिस प्रशासन के आग्रह का सम्मान करते हुए महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष आवास पर ही रुकीं; जनसमस्याओं और आस्था के अधिकार पर बुलंद की आवाज
जनपद के ललौली थाना क्षेत्र के बहुआ में आज सुबह एक महत्वपूर्ण घटनाक्रम सामने आया। अयोध्या राम मंदिर जाने के संदेश और जिले की कानून-व्यवस्था को ध्यान में रखते हुए स्थानीय पुलिस प्रशासन ने महिला कांग्रेस की जिला अध्यक्षा व पूर्व विधानसभा प्रत्याशी हेमलता पटेल को मंगवार को करीब 9 बजे उनके निजी आवास पर ही रुकने का आग्रह किया।सुबह होते ही बहुआ चौकी प्रभारी अरुण कुमार मौर्य पुलिस बल के साथ हेमलता पटेल के आवास पर पहुंचे।
इस दौरान महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष ने पुलिस को अवगत कराया कि वे क्षेत्र की जनता की अत्यंत आवश्यक समस्याओं को लेकर आज जिलाधिकारी (डीएम) से मुलाकात करने कलेक्ट्रेट जाने वाली थीं। हालांकि, प्रशासन के आग्रह और कानून-व्यवस्था के प्रति अपनी जिम्मेदारी को समझते हुए हेमलता पटेल ने एक सजग जनप्रतिनिधि की तरह पुलिस का पूरा सम्मान किया और अपने आवास पर ही रुकने (हाउस अरेस्ट) का निर्णय लिया।इस पूरे घटनाक्रम पर अपनी बात रखते हुए महिला कांग्रेस जिलाध्यक्ष हेमलता पटेल ने पूरी परिपक्वता और दृढ़ता के साथ न्याय की आवाज बुलंद की।
उन्होंने कहा:"भारत का संविधान हर नागरिक को अपनी आस्था का पालन करने, मंदिर में दर्शन करने और जनता की सेवा करने का पूरा अधिकार देता है। किसी को भी इन अधिकारों से वंचित करना न्यायसंगत नहीं है। सच्चाई और हक की लड़ाई लड़ने वालों को रोका नहीं जा सकता। यदि मैं जाना चाहूं, तो मुझे कोई रोक नहीं सकता है, लेकिन मैंने हमेशा कानून और वर्दी का सम्मान किया है, इसलिए आज पुलिस के आग्रह को स्वीकार किया।
जनता के अधिकारों और क्षेत्र की समस्याओं के निवारण के लिए मेरी यह शांतिपूर्ण लड़ाई और सेवा भाव हमेशा जारी रहेगा।"इस दौरान हेमलता पटेल ने स्पष्ट किया कि प्रशासन को जनभावनाओं और नागरिकों के संवैधानिक अधिकारों का सम्मान करना चाहिए। पुलिस की इस कार्रवाई के बाद क्षेत्र की जनता और समर्थकों के बीच चर्चाओं का बाजार गर्म रहा, वहीं हेमलता पटेल के आवास के बाहर सुरक्षा के मद्देनजर पुलिस बल मुस्तैद दिखाई दिया।
