गुरुग्राम के सिटी बस नेटवर्क को बेहतर बनाने के लिए जीएमसीबीएल ने नागरो (Nagarro) और प्लाक्षा विश्वविद्यालय के साथ त्रिपक्षीय समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए
गुरुग्राम, 01 जनवरी: गुरुग्राम मेट्रोपॉलिटन सिटी बस लिमिटेड (जीएमसीबीएल) ने अपने गुरुगमन सिटी बस ऑपरेशन के ज़रिए जीएमसीबीएल द्वारा चलाए जा रहे गुरुग्राम सिटी बस नेटवर्क के बेहतर इस्तेमाल और उसे बेहतर बनाने के लिए एक पूरी स्टडी करने के लिए नागरो और प्लाक्षा यूनिवर्सिटी के साथ एक तीन-तरफ़ा समझौता ज्ञापन (एमओयू) साइन किया है।
यह सहयोग गुरुग्राम में सार्वजनिक परिवहन सेवाओं को सुदृढ़ करने के उद्देश्य से किया गया है, जिसके तहत मौजूदा बस मार्गों की कार्यकुशलता में सुधार किया जाएगा तथा जीएमसीबीएल के बेड़े में अतिरिक्त बसों के समावेशन की योजना तैयार की जाएगी। वर्तमान में जीएमसीबीएल शहर में 150 गुरुगमन बसों का संचालन कर रहा है तथा जीएमसीबीएल के बेड़े में 200 नई इलेक्ट्रिक बसें जोड़ी जानी हैं।
समझौता ज्ञापन (एमओयू ) के तहत, प्लाक्षा विश्वविद्यालय स्ट्रीट सर्ज (Street Surge) के सहयोग से इस परियोजना के लिए अकादमिक एवं तकनीकी कार्यों का नेतृत्व करेगा। परियोजना के दायरे में मौजूदा बस मार्गों का अनुकूलन, बेड़े के विस्तार हेतु परिदृश्य योजना (सीनारियो प्लानिंग) तथा यात्रियों की सुगम पहुंच बढ़ाने के लिए लास्ट-माइल कनेक्टिविटी का विस्तृत आकलन शामिल है।
अध्ययन के अंतर्गत जीएमसीबीएल द्वारा उपलब्ध कराए गए परिचालन एवं यात्री संख्या (राइडरशिप) से संबंधित आंकड़ों का डिजिटलीकरण एवं विश्लेषण किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, बिग जियोस्पेशियल डेटा एवं यात्री सर्वेक्षणों के माध्यम से शहर-स्तरीय यात्रा मांग का आकलन किया जाएगा, जिससे प्रमुख यात्रा कॉरिडोर, मांग के पैटर्न तथा मुख्य सेवा क्षेत्रों की पहचान की जा सकेगी। यह डेटा-आधारित दृष्टिकोण मौजूदा अवसंरचना के बेहतर उपयोग में सहायक होगा तथा शहर में साक्ष्य-आधारित सार्वजनिक परिवहन योजना को मजबूती प्रदान करेगा।
यह समझौता ज्ञापन 15 माह की अवधि के लिए किया गया है। इसके पहले छह माह डेटा विश्लेषण, योजना निर्माण एवं नेटवर्क डिज़ाइन पर केंद्रित होंगे, जबकि अगले नौ माह प्रस्तावित समाधानों के क्रियान्वयन, कार्यान्वयन सहयोग एवं निगरानी के लिए समर्पित रहेंगे।
इस अवसर पर जीएमसीबीएल के मुख्य कार्यकारी अधिकारी श्री विश्वजीत चौधरी ने कहा, “इस सहयोग के माध्यम से हमारा उद्देश्य गुरुग्राम में गुरुगमन बस सेवाओं को और अधिक सुदृढ़ एवं बेहतर बनाना है, ताकि नागरिकों को एक मजबूत, विश्वसनीय और कुशल सार्वजनिक परिवहन नेटवर्क उपलब्ध कराया जा सके।”
प्लाक्षा विश्वविद्यालय के डॉ. अनुपम सोबती ने कहा “हमें आशा है कि यह पहल हरियाणा भर में वैज्ञानिक बस मार्ग डिज़ाइन और सार्वजनिक परिवहन योजना के लिए एक विस्तार योग्य एवं दोहराए जा सकने वाला मॉडल सिद्ध होगी।”
नागरो इस पहल को अपनी कॉरपोरेट सोशल रिस्पॉन्सिबिलिटी (सीएसआर) प्रतिबद्धता के तहत समर्थन प्रदान कर रहा है, जिससे सतत शहरी गतिशीलता को बढ़ावा देने और सार्वजनिक परिवहन के बेहतर परिणाम सुनिश्चित करने हेतु अनुप्रयुक्त अकादमिक शोध को प्रोत्साहन मिलेगा।
यह सहयोग गुरुग्राम में अधिक सुलभ, कुशल एवं यात्री-केंद्रित सार्वजनिक परिवहन प्रणाली के निर्माण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है, जिससे गुरुगमन बस सेवाओं के माध्यम से शहर के व्यापक क्षेत्रों को कवर किया जा सकेगा।
